रायपुर 11 जुलाई, 2019। केरल सहकार भारती द्वारा अक्षय श्री मॉडल पर कार्य किया जा रहा है। इसमें 10 हज़ार स्व सहायता समूह जुड़े है। और 46 डिपार्टमेंटल स्टोर्स समृद्धि सुपर बाजार के नाम से इसे स्व सहायता समूह द्वारा चलाये जा रहे है। केरल का अक्षय श्री मॉडल देश के स्व सहायता समूहों के लिए रोल मॉडल है। सहकार भारती की एक राष्ट्रीय स्तर की टीम ने केरल जाकर इस मॉडल का अध्ययन किया। उन्होंने जाना है आखिर इस मॉडल पर स्व सहायता समूह कैसे और किन-किन क्षेत्रों में कार्य कर रही है।

टीम में छत्तीसगढ़ से शताब्दी पाण्डे, महाराष्ट्र से रेवती शेंदुर्निकर, मध्यप्रदेश से हरनीत आर सिंह और बिहार से प्रमिला सिन्हा शामिल थी। अपने 4 दिवसीय दौरे में इस टीम ने 3 जिले में 265 अक्षय श्री स्व सहायता समूहों के सदस्यों से मुलाकात की।

शताब्दी पांडेय ने बताया कि अक्षय श्री में जुड़ने से सदस्यों का आर्थिक स्तर ऊंचा उठा और अन्य समस्याएं भी समाप्त हो रही है, सभी सदस्य आपस मे मिलजुलकर स्वास्थ, शिक्षा, पर्यावरण जैसे विषयों पर कार्य करते है। इन सदस्यों का न केवल आर्थिक विकास हुआ है ब्लकि स्थानीय स्तर पर नेतृत्व में सहभागिता भी बढ़ी है।

इसकी खासियत हैं कि इसमें स्व सहायता समूह के सदस्यों को उनके द्वारा तैयार किये गए उत्पाद के लिए मार्केटिंग के लिए परेशानी नहीं होती है क्योकि उनके स्वयं के समृद्धि स्टोर से ही मार्केटिंग होती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here